छत्तीसगढ़ संवाददाता
राजनांदगांव, 25 जुलाई। शहर जिला कांग्रेस कमेटी की महामंत्री एवं अधिवक्ता कुसुम दुबे ने शहर में आवारा कुत्तों की बाढ़ एवं गौमाताओं के सडक़ों पर बैठे रहने पर हो रही दुर्घटनाओं पर चिंता व्यक्त करते जीव जंतु कल्याण बोर्ड छग शासन के क्रियाशील उपाध्यक्ष आलोक चंद्राकर को पत्र लिखकर सम्यक कार्रवाई की मांग की है।
उन्होंने बताया कि शहर के सभी क्षेत्रों में आवारा कुत्तों की जिस प्रकार से बाढ़ आ गई है, उसे आए दिन कुत्ता काटने की घटना एवं कुत्तों के हमले की बातें लगातार सामने आ रही है और तो और शहर के सीमा अंतर्गत वार्डों में रात में सैकड़ों कुत्ते की भयावह झुंड को देखकर आम जनता भयभीत जीवन जीने को विवश है। ऐसी स्थिति में प्रशासन को आवारा कुत्तों के धरपकड़ की मुहिम में तेजी लाकर आम जनता को राहत की आवश्यकता है। वहीं दूसरी ओर गौमाता लगातार सडक़ों में बैठी रहती है। जिसके कारण भी दुर्घटनाएं घटित हो रही है और गौ माताएं भी चोटिल हो रही है। जिससे जनभावना भी आहत होती है।
उन्होंने कहा कि ऐसी दशा में यदि किसी व्यक्ति विशेष के गाय सडक़ पर बैठी है तो उन्हें सख्त चेतावनी दी जाए कि वह गौ माताएं की संरक्षण की जवाबदेही सुनिश्चित करें अन्यथा कार्रवाई की जाएगी। इन दोनों गंभीर मामले को लेकर छत्तीसगढ़ शासन जीव जंतु कल्याण बोर्ड के सजग उपाध्यक्ष आलोक चंद्राकर को राज्य स्तर से विशेष कार्रवाई के लिए पत्र प्रेषित की गई है। उस पत्र को तत्काल श्री चंद्राकर ने विभाग प्रमुख को कार्रवाई कर अवगत कराने का निर्देश दिया है, ताकि राज्य शासन स्तर से उचित और सम्यक कार्रवाई कर मानव जीवन और गौ माताओ को सुरक्षित किया जा सके और आवारा कुत्तों के भयावह झुंड, हमले सहित बच्चे, आम जनता को भयमुक्त किया जा सके ।
छत्तीसगढ़ संवाददाता
राजनांदगांव, 25 जुलाई। शहर जिला कांग्रेस कमेटी की महामंत्री एवं अधिवक्ता कुसुम दुबे ने शहर में आवारा कुत्तों की बाढ़ एवं गौमाताओं के सडक़ों पर बैठे रहने पर हो रही दुर्घटनाओं पर चिंता व्यक्त करते जीव जंतु कल्याण बोर्ड छग शासन के क्रियाशील उपाध्यक्ष आलोक चंद्राकर को पत्र लिखकर सम्यक कार्रवाई की मांग की है।
उन्होंने बताया कि शहर के सभी क्षेत्रों में आवारा कुत्तों की जिस प्रकार से बाढ़ आ गई है, उसे आए दिन कुत्ता काटने की घटना एवं कुत्तों के हमले की बातें लगातार सामने आ रही है और तो और शहर के सीमा अंतर्गत वार्डों में रात में सैकड़ों कुत्ते की भयावह झुंड को देखकर आम जनता भयभीत जीवन जीने को विवश है। ऐसी स्थिति में प्रशासन को आवारा कुत्तों के धरपकड़ की मुहिम में तेजी लाकर आम जनता को राहत की आवश्यकता है। वहीं दूसरी ओर गौमाता लगातार सडक़ों में बैठी रहती है। जिसके कारण भी दुर्घटनाएं घटित हो रही है और गौ माताएं भी चोटिल हो रही है। जिससे जनभावना भी आहत होती है।
उन्होंने कहा कि ऐसी दशा में यदि किसी व्यक्ति विशेष के गाय सडक़ पर बैठी है तो उन्हें सख्त चेतावनी दी जाए कि वह गौ माताएं की संरक्षण की जवाबदेही सुनिश्चित करें अन्यथा कार्रवाई की जाएगी। इन दोनों गंभीर मामले को लेकर छत्तीसगढ़ शासन जीव जंतु कल्याण बोर्ड के सजग उपाध्यक्ष आलोक चंद्राकर को राज्य स्तर से विशेष कार्रवाई के लिए पत्र प्रेषित की गई है। उस पत्र को तत्काल श्री चंद्राकर ने विभाग प्रमुख को कार्रवाई कर अवगत कराने का निर्देश दिया है, ताकि राज्य शासन स्तर से उचित और सम्यक कार्रवाई कर मानव जीवन और गौ माताओ को सुरक्षित किया जा सके और आवारा कुत्तों के भयावह झुंड, हमले सहित बच्चे, आम जनता को भयमुक्त किया जा सके ।