महिला आरक्षण के मुद्दे पर कांग्रेस का भाजपा पर हमला, परिसीमन बिल को बताया असली मंशा
महिला आरक्षण के मुद्दे पर कांग्रेस का भाजपा पर हमला, परिसीमन बिल को बताया असली मंशा
छत्तीसगढ़ संवाददाता
सूरजपुर, 20 अप्रैल। जिला कांग्रेस कमेटी सूरजपुर की अध्यक्ष शशि सिंह ने महिला आरक्षण के मुद्दे को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है। जारी प्रेस विज्ञप्ति में उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा महिला आरक्षण के नाम पर देश में भ्रम फैला रही है, जबकि उसकी वास्तविक मंशा परिसीमन बिल को आगे बढ़ाने की थी।
शशि सिंह ने कहा कि भाजपा यह प्रचारित कर रही है कि विपक्ष ने महिला आरक्षण का समर्थन नहीं किया, जबकि नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 (106वां संविधान संशोधन) संसद के दोनों सदनों से पारित होकर कानून बन चुका है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस शुरू से ही महिला आरक्षण की प्रबल समर्थक रही है।
उन्होंने 16 अप्रैल को पेश किए गए 131वें संविधान संशोधन विधेयक पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह विधेयक महिला आरक्षण के लिए नहीं, बल्कि लोकसभा सीटों के परिसीमन और केंद्र शासित प्रदेशों के कानूनों में बदलाव के उद्देश्य से लाया गया था। उनके अनुसार, इस विधेयक के जरिए लोकसभा सीटों की संख्या बढ़ाकर 850 करने, 2011 की जनगणना के आधार पर परिसीमन लागू करने तथा पांडुचेरी, दिल्ली और जम्मू-कश्मीर के नियमों में बदलाव करने का प्रयास किया जा रहा था। जिलाध्यक्ष ने कहा कि विपक्ष ने इस विधेयक का विरोध ठोस कारणों के आधार पर किया।
उन्होंने सवाल उठाया कि जब नई जनगणना की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है, तो पुराने आंकड़ों के आधार पर परिसीमन क्यों किया जाए। साथ ही उन्होंने मांग की कि यदि सरकार वास्तव में गंभीर है, तो वर्तमान सीटों पर ही 33 प्रतिशत महिला आरक्षण तुरंत लागू किया जाए।
कांग्रेस के योगदान का उल्लेख करते हुए शशि सिंह ने कहा कि महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में पार्टी का इतिहास गौरवपूर्ण रहा है। पंचायत और नगरीय निकायों में महिलाओं को आरक्षण देने की पहल कांग्रेस सरकारों ने ही की थी, जिसके परिणामस्वरूप आज बड़ी संख्या में महिलाएं जनप्रतिनिधि बनी हैं।
अंत में उन्होंने कहा कि परिसीमन से जुड़ा प्रयास विफल होने के बाद भाजपा अब महिला आरक्षण के नाम पर भ्रम फैलाने का काम कर रही है, जबकि कांग्रेस महिलाओं के अधिकारों के लिए सदैव प्रतिबद्ध रही है।
छत्तीसगढ़ संवाददाता
सूरजपुर, 20 अप्रैल। जिला कांग्रेस कमेटी सूरजपुर की अध्यक्ष शशि सिंह ने महिला आरक्षण के मुद्दे को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है। जारी प्रेस विज्ञप्ति में उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा महिला आरक्षण के नाम पर देश में भ्रम फैला रही है, जबकि उसकी वास्तविक मंशा परिसीमन बिल को आगे बढ़ाने की थी।
शशि सिंह ने कहा कि भाजपा यह प्रचारित कर रही है कि विपक्ष ने महिला आरक्षण का समर्थन नहीं किया, जबकि नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 (106वां संविधान संशोधन) संसद के दोनों सदनों से पारित होकर कानून बन चुका है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस शुरू से ही महिला आरक्षण की प्रबल समर्थक रही है।
उन्होंने 16 अप्रैल को पेश किए गए 131वें संविधान संशोधन विधेयक पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह विधेयक महिला आरक्षण के लिए नहीं, बल्कि लोकसभा सीटों के परिसीमन और केंद्र शासित प्रदेशों के कानूनों में बदलाव के उद्देश्य से लाया गया था। उनके अनुसार, इस विधेयक के जरिए लोकसभा सीटों की संख्या बढ़ाकर 850 करने, 2011 की जनगणना के आधार पर परिसीमन लागू करने तथा पांडुचेरी, दिल्ली और जम्मू-कश्मीर के नियमों में बदलाव करने का प्रयास किया जा रहा था। जिलाध्यक्ष ने कहा कि विपक्ष ने इस विधेयक का विरोध ठोस कारणों के आधार पर किया।
उन्होंने सवाल उठाया कि जब नई जनगणना की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है, तो पुराने आंकड़ों के आधार पर परिसीमन क्यों किया जाए। साथ ही उन्होंने मांग की कि यदि सरकार वास्तव में गंभीर है, तो वर्तमान सीटों पर ही 33 प्रतिशत महिला आरक्षण तुरंत लागू किया जाए।
कांग्रेस के योगदान का उल्लेख करते हुए शशि सिंह ने कहा कि महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में पार्टी का इतिहास गौरवपूर्ण रहा है। पंचायत और नगरीय निकायों में महिलाओं को आरक्षण देने की पहल कांग्रेस सरकारों ने ही की थी, जिसके परिणामस्वरूप आज बड़ी संख्या में महिलाएं जनप्रतिनिधि बनी हैं।
अंत में उन्होंने कहा कि परिसीमन से जुड़ा प्रयास विफल होने के बाद भाजपा अब महिला आरक्षण के नाम पर भ्रम फैलाने का काम कर रही है, जबकि कांग्रेस महिलाओं के अधिकारों के लिए सदैव प्रतिबद्ध रही है।