भोपाल में डिवाइडर से टकराकर कार पलटी:पति और साडू की मौत, 2 घायल; हादसे के 1 घंटे बाद पत्नी ने दिया बेटी को जन्म

मंगलवार-बुधवार की रात भोपाल के हलालपुरा बस स्टैंड के पास एक अल्टो कार डिवाइडर से टकराकर पलट गई। इस हादसे में दो युवकों, महेंद्र मेवाड़ा (25) और सतीश मेवाड़ा की मौत हो गई। दोनों आपस में साढ़ू थे। कार में महेंद्र की प्रेग्नेंट पत्नी बबली बाई (22), उसकी मां बताशी बाई और बुआ मुन्नी बाई भी सवार थीं। बबली को मामूली चोटें आई, जबकि उसकी सास और बुआ को भी चोटें लगीं। अस्पताल में बबली की डिलीवरी हो चुकी है। मां और बच्चा दोनों सुरक्षित हैं। महेंद्र मेवाड़ा, जो रातीबड़ के मूडला गांव में किसान था, अपनी प्रेग्नेंट पत्नी बबली को लेबर पेन के कारण कृष्णानी अस्पताल, भोपाल ले जा रहा था। कार में महेंद्र की मां और बुआ के साथ सतीश भी सवार थे। कोहेफिजा पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। लालघाटी के पास मंगलवार-बुधवार की रात एक अल्टो कार बेकाबू होकर पलट गई। कार महेंद्र मेवाड़ा चला रहा था, जबकि सतीश मेवाड़ा साइड सीट पर बैठा था। हादसे में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत घायलों को एम्बुलेंस से अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने महेंद्र और सतीश को मृत घोषित कर दिया। महेंद्र की मौत के बाद पत्नी ने बेटी को जन्म दिया महेंद्र की मौत के लगभग एक घंटे बाद, रात 1:30 बजे उसकी पत्नी बबली ने एक स्वस्थ बेटी को जन्म दिया। डॉक्टरों ने मां और बच्ची को पूरी तरह सुरक्षित बताया है। इस हादसे में महेंद्र की सास के हाथ-पांव और कंधे में फ्रैक्चर हुआ है, जिनका इलाज हमीदिया अस्पताल में जारी है। वहीं, बुआ मुन्नी बाई को मामूली चोटें आई हैं। परिवार पर टूटा दुख का पहाड़ मृतक महेंद्र अपने तीन भाइयों में दूसरे नंबर पर था। उससे बड़ा और छोटा एक-एक भाई है। महेंद्र की शादी तीन साल पहले बबली से हुई थी। बबली की यह पहली डिलीवरी थी, जो मंगलवार-बुधवार की रात हुई। इस हादसे के बाद दोनों परिवारों पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा है। सतीश भी खेती का काम करता था और अपने परिवार का सहारा था।

भोपाल में डिवाइडर से टकराकर कार पलटी:पति और साडू की मौत, 2 घायल; हादसे के 1 घंटे बाद पत्नी ने दिया बेटी को जन्म
मंगलवार-बुधवार की रात भोपाल के हलालपुरा बस स्टैंड के पास एक अल्टो कार डिवाइडर से टकराकर पलट गई। इस हादसे में दो युवकों, महेंद्र मेवाड़ा (25) और सतीश मेवाड़ा की मौत हो गई। दोनों आपस में साढ़ू थे। कार में महेंद्र की प्रेग्नेंट पत्नी बबली बाई (22), उसकी मां बताशी बाई और बुआ मुन्नी बाई भी सवार थीं। बबली को मामूली चोटें आई, जबकि उसकी सास और बुआ को भी चोटें लगीं। अस्पताल में बबली की डिलीवरी हो चुकी है। मां और बच्चा दोनों सुरक्षित हैं। महेंद्र मेवाड़ा, जो रातीबड़ के मूडला गांव में किसान था, अपनी प्रेग्नेंट पत्नी बबली को लेबर पेन के कारण कृष्णानी अस्पताल, भोपाल ले जा रहा था। कार में महेंद्र की मां और बुआ के साथ सतीश भी सवार थे। कोहेफिजा पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। लालघाटी के पास मंगलवार-बुधवार की रात एक अल्टो कार बेकाबू होकर पलट गई। कार महेंद्र मेवाड़ा चला रहा था, जबकि सतीश मेवाड़ा साइड सीट पर बैठा था। हादसे में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत घायलों को एम्बुलेंस से अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने महेंद्र और सतीश को मृत घोषित कर दिया। महेंद्र की मौत के बाद पत्नी ने बेटी को जन्म दिया महेंद्र की मौत के लगभग एक घंटे बाद, रात 1:30 बजे उसकी पत्नी बबली ने एक स्वस्थ बेटी को जन्म दिया। डॉक्टरों ने मां और बच्ची को पूरी तरह सुरक्षित बताया है। इस हादसे में महेंद्र की सास के हाथ-पांव और कंधे में फ्रैक्चर हुआ है, जिनका इलाज हमीदिया अस्पताल में जारी है। वहीं, बुआ मुन्नी बाई को मामूली चोटें आई हैं। परिवार पर टूटा दुख का पहाड़ मृतक महेंद्र अपने तीन भाइयों में दूसरे नंबर पर था। उससे बड़ा और छोटा एक-एक भाई है। महेंद्र की शादी तीन साल पहले बबली से हुई थी। बबली की यह पहली डिलीवरी थी, जो मंगलवार-बुधवार की रात हुई। इस हादसे के बाद दोनों परिवारों पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा है। सतीश भी खेती का काम करता था और अपने परिवार का सहारा था।