विसर्जन जुलूस में घुसी बोलेरो, दो की मौत:14 लोग घायल; गुस्साए गांव वालों ने किया चक्काजाम, मुआवजे और नौकरी की मांग पर अड़े

पन्ना जिले के पवई थाना क्षेत्र अंतर्गत खमरिया मोड़ पर गुरुवार रात तेज रफ्तार बोलेरो दुर्गा प्रतिमा विसर्जन जुलूस में घुस गई। हादसे में 15 लाेग घायल हो गए थे। इनमें से दो लोगों की इलाज के दौरान मौत हो गई। विरोध में शुक्रवार दोपहर ग्रामीणों ने खमरिया मोड़ पर चक्काजाम कर दिया। बाकी घायल कटनी जिला अस्पताल में भर्ती हैं। मृतक खमरिया निवासी राकेश पटेल (36) और पुरुषोत्तम पटेल (38) की कटनी जिला चिकित्सालय में इलाज के दौरान मौत हो गई। ग्रामीणों ने मृतकों और घायलों के परिजनों के लिए एक करोड़ रुपये मुआवजे और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कार चालक ने दुर्गा विसर्जन जुलूस में शामिल लोगों को कुचला था। ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषी पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि जब तक मांगें पूरी नहीं होतीं, वे चक्काजाम जारी रखेंगे। सूचना पर पुलिस बल के साथ एसडीओपी और पवई थाना प्रभारी मौके पर पहुंचे। वे ग्रामीणों को समझाने का प्रयास कर रहे हैं।

विसर्जन जुलूस में घुसी बोलेरो, दो की मौत:14 लोग घायल; गुस्साए गांव वालों ने किया चक्काजाम, मुआवजे और नौकरी की मांग पर अड़े
पन्ना जिले के पवई थाना क्षेत्र अंतर्गत खमरिया मोड़ पर गुरुवार रात तेज रफ्तार बोलेरो दुर्गा प्रतिमा विसर्जन जुलूस में घुस गई। हादसे में 15 लाेग घायल हो गए थे। इनमें से दो लोगों की इलाज के दौरान मौत हो गई। विरोध में शुक्रवार दोपहर ग्रामीणों ने खमरिया मोड़ पर चक्काजाम कर दिया। बाकी घायल कटनी जिला अस्पताल में भर्ती हैं। मृतक खमरिया निवासी राकेश पटेल (36) और पुरुषोत्तम पटेल (38) की कटनी जिला चिकित्सालय में इलाज के दौरान मौत हो गई। ग्रामीणों ने मृतकों और घायलों के परिजनों के लिए एक करोड़ रुपये मुआवजे और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कार चालक ने दुर्गा विसर्जन जुलूस में शामिल लोगों को कुचला था। ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषी पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि जब तक मांगें पूरी नहीं होतीं, वे चक्काजाम जारी रखेंगे। सूचना पर पुलिस बल के साथ एसडीओपी और पवई थाना प्रभारी मौके पर पहुंचे। वे ग्रामीणों को समझाने का प्रयास कर रहे हैं।