रतनगढ़ मेले में बच्ची सिंध नदी में गिरी:SDRF ने बचाई जान, रेस्क्यू कर मंदिर परिसर में बने अस्थाई अस्पताल में भर्ती कराया
रतनगढ़ मेले में बच्ची सिंध नदी में गिरी:SDRF ने बचाई जान, रेस्क्यू कर मंदिर परिसर में बने अस्थाई अस्पताल में भर्ती कराया
दतिया में नवरात्रि मेले के दौरान रतनगढ़ माता मंदिर परिसर में गुरुवार को एक बड़ा हादसा टल गया। सिंध नदी घाट पर मिर्गी का दौरा पड़ने से पानी में गिरी एक बालिका को SDRF टीम ने महज दो मिनट में बाहर निकाल लिया। समय पर रेस्क्यू और उपचार मिलने से उसकी जान बच गई। जानकारी के मुताबिक उत्तर प्रदेश के महोबा निवासी ईश्वर सेन परिवार सहित माता रतनगढ़ के दर्शन करने पहुंचे थे। दर्शन के बाद परिवार सिंध नदी घाट पर मौजूद था, तभी उनकी बेटी मधु सेन को अचानक दौरा पड़ा और वह संतुलन खोकर गहरे पानी में जा गिरी। बिना देरी किए लगाई छलांग
घाट पर तैनात SDRF टीम ने बिना देरी किए नदी में छलांग लगाई और बालिका को बाहर निकाल लिया। इसी दौरान एम्बुलेंस भी मौके पर पहुंच गई और उसे तुरंत मंदिर परिसर में बने अस्थाई अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों की निगरानी में उपचार के बाद बालिका की हालत स्थिर बताई जा रही है। घटना के बाद परिजनों ने मौके पर मौजूद पुलिस, SDRF टीम, एम्बुलेंस स्टाफ और डॉक्टरों का आभार जताया। उनका कहना है कि यदि राहत दल तुरंत सक्रिय नहीं होता, तो बड़ा हादसा हो सकता था। मेले में भारी भीड़ को देखते हुए घाटों पर अतिरिक्त सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि नदी किनारे सावधानी बरतें और बच्चों व बीमार व्यक्तियों पर विशेष नजर रखें।
दतिया में नवरात्रि मेले के दौरान रतनगढ़ माता मंदिर परिसर में गुरुवार को एक बड़ा हादसा टल गया। सिंध नदी घाट पर मिर्गी का दौरा पड़ने से पानी में गिरी एक बालिका को SDRF टीम ने महज दो मिनट में बाहर निकाल लिया। समय पर रेस्क्यू और उपचार मिलने से उसकी जान बच गई। जानकारी के मुताबिक उत्तर प्रदेश के महोबा निवासी ईश्वर सेन परिवार सहित माता रतनगढ़ के दर्शन करने पहुंचे थे। दर्शन के बाद परिवार सिंध नदी घाट पर मौजूद था, तभी उनकी बेटी मधु सेन को अचानक दौरा पड़ा और वह संतुलन खोकर गहरे पानी में जा गिरी। बिना देरी किए लगाई छलांग
घाट पर तैनात SDRF टीम ने बिना देरी किए नदी में छलांग लगाई और बालिका को बाहर निकाल लिया। इसी दौरान एम्बुलेंस भी मौके पर पहुंच गई और उसे तुरंत मंदिर परिसर में बने अस्थाई अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों की निगरानी में उपचार के बाद बालिका की हालत स्थिर बताई जा रही है। घटना के बाद परिजनों ने मौके पर मौजूद पुलिस, SDRF टीम, एम्बुलेंस स्टाफ और डॉक्टरों का आभार जताया। उनका कहना है कि यदि राहत दल तुरंत सक्रिय नहीं होता, तो बड़ा हादसा हो सकता था। मेले में भारी भीड़ को देखते हुए घाटों पर अतिरिक्त सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि नदी किनारे सावधानी बरतें और बच्चों व बीमार व्यक्तियों पर विशेष नजर रखें।